बाघ के हमले से,खेत में गन्ना काट रहे किसान की मौत
वन क्षेत्रों के आसपास के ग्रामीणों ने उठाई सुरक्षा की मांग
लखीमपुर खीरी। गोला गोकर्णनाथ के महेशपुर वन रेंज क्षेत्र से सटे आबला बीट के नंदलालपुर गांव में सोमवार की शाम करीब तीन बजे बाघ के हमले से किसान मनोज कुमार (36 वर्ष) पुत्र गजोधर लाल की मौत हो गई। अचानक हुई इस घटना से पूरा क्षेत्र भयभीत हो गया। घटना को लेकर ग्रामीण व मृतक के परिजनों ने वन विभाग के प्रति आक्रोश व्यक्त किया।
बताते चलें कि हैदराबाद थाना क्षेत्र के नंदलालपुर गांव के मनोज कुमार सोमवार अपरान्ह करीब ढ़ाई बजे अपने घर से जानवरों के लिए गन्ने का चारा काटने निकले थे। गांव के दक्षिण में स्थित अपने गन्ने के खेत में जबट वह गन्ने के उपरी हिस्से को काट रहे थे, उसी दौरान गन्ने के खेत से निकले बाघ ने अचानक मनोज पर धावा बोल दिया। बाघ के हमले से मनोज की पीठ और चेहरे बुरी तरह ज़ख़्मी हो गये। शोर सुनकर आस पास के खेतों में गन्ना छील रहे किसान भागते और शोर मचाते हुए मनोज की तरफ दौड़े। ग्रामीणों का शोर सुनकर बाघ खेतों के अंदर ही भाग गया।
मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने घटना की सूचना तत्काल डायल 112 पुलिस को दी। सूचना मिलते ही डायल 112 की टीम मौके पर पहुँची पुलिसकर्मियों ने गंभीर रूप से घायल मनोज को तुरंत इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गोला पहुंचाया लेकिन अस्पताल पहुँचने ही मनोज की सांस थम गयी। मनोज की मौत की खबर मिलते ही उनके परिवार में हाहाकार मच गया और पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई।
ग्रामीणों का कहना है कि अगर वन विभाग समय रहते सक्रिय होता तो शायद ऐसी घटनाएं रोकी जा सकती थीं। इस घटना से वन क्षेत्रों के आसपास रहने वाले ग्रामीणों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। लोगों ने जिला प्रशासन और विभागीय अधिकारियों का ध्यान आकृष्ट कराते हुए वन क्षेत्रों के आसपास रहने वाले ग्रामीणों की सुरक्षा पुख्ता करने तथा मृतक के परिजनों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की मांग की है।
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